पहलगाम हमले का पूरा सच! साजिश पाकिस्तान में रची गई थी:NIA ने 1300 पेज की चार्जशीट में सबूत दिए
लोगों को धार्मिक पहचान के आधार पर निशाना बनाया

नेशनल इंवेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने पहलगाम आतंकी हमले के 237 दिन बाद सोमवार को 1300 पेज की चार्जशीट दाखिल की। जम्मू में NIA स्पेशल कोर्ट में पेश की गई चार्जशीट में हमले की साजिश पाकिस्तान में रचे जाने के सबूत दिए गए।
पाकिस्तानी आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा (LeT) और द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) समेत 7 आरोपी बनाए गए हैं।
चार्जशीट के मुताबिक यह हमला धर्म के आधार पर टारगेटेड मर्डर का, जिसमें 25 टूरिस्ट और एक लोकल की मौत हुई। NIA ने सबूत पेश करते हुए कहा कि इस हमले की साजिश पाकिस्तान से रची गई है। चार्जशीट की डिटेल्स अभी सामने नहीं आई हैं।
चार्जशीट में पाकिस्तानी हैंडलर सजाद जट्ट का नाम भी है। 28 जुलाई को ऑपरेशन महादेव में मारे गए तीन पाकिस्तानी आतंकियों फैसल जट्ट उर्फ सुलेमान शाह, हबीब ताहिर उर्फ जिब्रान और हमजा अफगानी को भी आरोपी बनाया है।
इसी साल 22 अप्रैल को पहलगाम से 6 किमी दूर बायसरन घाटी में आतंकी हमले में 26 टूरिस्ट्स की मौत हुई थी। 16 लोग घायल हुए थे। लोगों को उनकी धार्मिक पहचान के आधार पर निशाना बनाया गया था।
पहलगाम हमले की चार्जशीट पर जम्मू-कश्मीर के CM उमर अब्दुल्ला ने कहा- NIA ने जांच पूरी कर ली है और अब चार्जशीट दाखिल की जा रही है। दोषी या निर्दोष का फैसला अदालत करेगी।
पहलगाम हमले के दो महीने बाद नेशनल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (NIA) ने पहलगाम के दो लोगों को गिरफ्तार किया था। NIA की जांच में खुलासा हुआ था कि इन दोनों ने हमले को अंजाम देने वाले तीन आतंकियों को पनाह दी थी। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम परवेज अहमद जोठार और बशीर अहमद जोठार थे।
NIA के मुताबिक, परवेज और बशीर ने हमले से पहले इन तीनों आतंकियों को हिल पार्क स्थित एक अस्थायी ढोक (झोपड़ी) में जानबूझकर ठहराया था। उन्होंने उन्हें खाना और अन्य सुविधाएं मुहैया कराई थीं।





