नए साल की पार्टी के बहाने बुलाकर की दरिंदगी
पॉक्सो एक्ट के तहत विशेष न्यायाधीश ने सुनाई सजा

राष्ट्र आजकल प्रतिनिधि, ग्वालियर। ग्वालियर की विशेष पॉक्सो अदालत ने दो वर्ष तक युवती को अश्लील वीडियो वायरल करने की धमकी देकर बार-बार दुष्कर्म करने और उसका अपहरण करने के मामले में आरोपित राजेश कुशवाह को दोषी ठहराते हुए 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपित को भारतीय दंड संहिता की धारा 376(2एन), 366 और 506 (भाग-2) के तहत दोष सिद्ध माना। साथ ही विभिन्न धाराओं में अर्थदंड भी लगाया गया है। अभियोजन के अनुसार आरोपित ने वर्ष 2022 में नए साल की पार्टी के बहाने पीड़िता को अपने घर बुलाया, कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया और उसका अश्लील वीडियो बना लिया।
इसके बाद वीडियो वायरल करने और परिवार को जान से मारने की धमकी देकर करीब दो वर्षों तक उसके साथ कई बार दुष्कर्म करता रहा। आरोपित उसे ग्वालियर के एक गेस्ट हाउस और बाद में सूरत भी ले गया, जहां भी उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए गए। मामले की सुनवाई के दौरान डीएनए जांच रिपोर्ट में पीड़िता से प्राप्त नमूनों का डीएनए आरोपित के डीएनए से मेल खाया, जिसे अदालत ने महत्वपूर्ण वैज्ञानिक साक्ष्य माना। विशेष न्यायाधीश ने उपलब्ध मौखिक, दस्तावेजी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपित को दुष्कर्म, अपहरण और आपराधिक धमकी का दोषी मानते हुए सजा सुनाई। अदालत ने विचारण के दौरान जेल में बिताई गई 127 दिन की अवधि का समायोजन भी सजा में करने का निर्देश दिया।





