मध्य प्रदेश के कुल मतदाताओं की स्थिति अब हुई साफ
दो विधानसभाओं से आए सबसे कम आवेदन....

राष्ट्र आजकल प्रतिनिधि, भोपाल। एसआईआर तहत नाम जोड़ने, हटाने के लिए बुलाए गए दावे-आपत्ति की प्रक्रिया पूरी होने के बाद आज शनिवार को मध्य प्रदेश के कुल मतदाताओं की स्थिति साफ हो जाएगी। सभी जिलों में निर्वाचन अधिकारी मतदाता की फाइनल सूची प्रकाशित कर बताएंगे कि, किस विधानसभा सीट में कितने मतदाताओं के नाम काटे गए हैं और कितने जुड़े हैं। इस तरह आज चुनाव आयोग की एसआईआर प्रक्रिया पूरी हो जाएगी। हालांकि, अभी सामान्य रूप से चलने वाली ऑनलाइन आवेदन के जरिए नामों को जोड़ने या हटाने की प्रक्रिया जारी रहेगी। छतरपुर जिले के राजनगर विधानसभा क्षेत्र में मतदाता सूची में नए नाम जोड़ने के लिए महज 1138 आवेदन आए। राजनगर कांग्रेस के पूर्व एमएलए विक्रम सिंह नातीराजा का क्षेत्र है। इसके साथ ही बीजेपी में शामिल होने को लेकर विवादों में चल रही कांग्रेस की एमएलए निर्मला सप्रे भी उन विधायकों में शामिल हैं जिनके यहां नए नाम जोड़ने के लिए कम आवेदन जमा हुए थे। बीना विधानसभा क्षेत्र में एसआईआर के बाद नाम जोड़ने के लिए 1288 आवेदन जमा हुए।
कांग्रेस के विधायक और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के विधानसभा क्षेत्र गंधवानी से 14712 मतदाताओं के नाम काटे गए हैं। अटेर विधानसभा कांग्रेस के हेमंत कटारे का निर्वाचन क्षेत्र है जहां से 17505 मतदाताओं के नाम कटे हैं। पूर्व मंत्रियों के क्षेत्र में एनालिसिस करने के बाद यह सामने आया कि महेंद्र हार्डिया के यहां सबसे अधिक 87591 नाम कटे हैं। जबलपुर पूर्व से विधायक और पूर्व मंत्री लखन घनघोरिया के क्षेत्र में 49215 वोटर्स के नाम एसआईआर में काटे गए। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के क्षेत्र से 21981 मतदाताओं के नाम काटे गए हैं।




