स्किन का रखें ध्यान, सनस्क्रीन ख़रीदते समय इन बातों का रखें ख्याल

महंगे से महंगा स्किन केयर रुटीन भी तब तक अधूरा है, जब तक आप एक सही सनस्क्रीन का इस्तेमाल नहीं करते। सूरज की अल्ट्रावॉयलेट (UV) किरणें न केवल झुर्रियां और सनबर्न पैदा करती हैं, बल्कि स्किन कैंसर का जोखिम भी बढ़ाती हैं। इन खतरों से बचने के लिए सनस्क्रीन बेहद जरूरी है, लेकिन बाजार में मौजूद ढेरों ऑप्शन्स में से अपने लिए सही सनस्क्रीन चुनना अक्सर कन्फ्यूजिंग हो जाता है। ऐसे में सनस्क्रीन खरीदते समय इन बातों का खास ख्याल रखें।
हमेशा SPF (सन प्रोटेक्शन फैक्टर) 30 या उससे अधिक वाला सनस्क्रीन चुनें। यह आपकी त्वचा को लगभग 97-98% यूवी-बी किरणों से सुरक्षित रखता है।
यह सुनिश्चित करें कि लेबल पर ‘ब्रॉड स्पेक्ट्रम’ लिखा हो। इसका मतलब है कि यह आपको यूवी-ए (उम्र बढ़ाने वाली) और यूवी-बी (जलाने वाली) दोनों किरणों से बचाएगा।
PA रेटिंग यूवी-ए किरणों से सुरक्षा का पैमाना है। बेहतर सुरक्षा के लिए कम से कम PA+++ वाली सनस्क्रीन का चुनाव करें।
अपनी स्किन टाइप को पहचानें
ऑयली स्किन: इनके लिए ‘जेल-बेस्ड’ या ‘मैट फिनिश’ सनस्क्रीन आदर्श है। लेबल पर Non-comedogenic जरूर देखें ताकि रोमछिद्र बंद न हों।
ड्राई स्किन: हयालूरोनिक एसिड या सेरामाइड्स युक्त क्रीम-बेस्ड सनस्क्रीन चुनें, जो त्वचा को मॉइस्चराइज भी रखे।
सेंसिटिव स्किन: जिंक ऑक्साइड या टाइटेनियम डाइऑक्साइड वाली मिनरल सनस्क्रीन का चुनाव करें, क्योंकि यह त्वचा में जलन पैदा नहीं करती।
क्या है इस्तेमाल का सही तरीका?
चेहरे और गर्दन के लिए अपनी दो उंगलियों की लंबाई के बराबर सनस्क्रीन लगाएं।
घर से निकलने से 20 मिनट पहले इसे लगाएं।
यदि आप धूप में हैं या पसीना आ रहा है, तो हर 2-3 घंटे में सनस्क्रीन दोबारा जरूर लगाएं।





