15 प्रतिशत सस्ता हुआ कच्चा तेल, अमेरिका-ईरान सीजफायर के बाद 100 डॉलर के नीचे: 6 साल में एक दिन की सबसे बड़ी गिरावट

अमेरिका-ईरान जंग में 2 हफ्ते के सीजफायर के ऐलान के बाद क्रूड ऑयल (कच्चा तेल) 15% सस्ता हुआ है। बुधवार को दाम करीब 15 डॉलर गिरकर 94.27 डॉलर प्रति बैरल पर आ गए हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह करीब 6 साल में एक दिन की सबसे बड़ी गिरावट है। एक दिन पहले क्रूड ऑयल की कीमत 109.27 डॉलर प्रति बैरल थी। 28 फरवरी को जंग शुरू होने से पहले कच्चा तेल 73 डॉलर प्रति बैरल था।
जंग के दौरान दाम बढ़कर 120 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गए थे। तब से पेट्रोल-डीजल के रेट बढ़ने की आशंका जताई जा रही थी। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, तेल सस्ता होने से अब यह आशंकाएं खत्म हो गई हैं।
सीजफायर के चलते होर्मुज खुलने की उम्मीद
• अमेरिका-ईरान के बीच 40 दिन से जारी जंग पर 2 हफ्ते का ब्रेक लगा है। पाकिस्तान-चीन की मध्यस्थता के बाद दोनों देश सीजफायर पर सहमत हुए।
• समझौते के तहत अमेरिका, इजराइल और ईरान हमले रोकेंगे। ईरानी सेना की मदद से होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित होगी।
• अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान को तबाह करने की चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि अगर होर्मुज स्ट्रेट से रास्ता नहीं मिला तो वह ईरान की पूरी सभ्यता खत्म कर देंगे।
सीजफायर से ग्लोबल मार्केट उछले, डॉलर गिरा
युद्ध थमने की खबरों से ग्लोबल शेयर बाजारों में तेजी आई है। अमेरिका का S&P 500 फ्यूचर्स 2% और यूरोपीय बाजार 5% तक चढ़े। भारत के सेंसेक्स और निफ्टी भी करीब 4% चढ़े हैं। निवेशकों का भरोसा बढ़ने से रूपया डॉलर के मुकाबले मजबूत हुआ है।
RBI के मुताबिक, बुधवार के शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 41 पैसे मजबूत होकर 92.55 पर पहुंच गया है। कल यह 92.96 पर बंद हुआ था।
जंग फिर शुरू हुई तो तेल के दाम दोबारा बढ़ेंगे
एनालिस्ट्स का कहना है कि अभी जो राहत दिख रही है, वह ज्यादा समय तक नहीं रह सकती। आईजी के टोनी सिकामोर के अनुसार, यह एक अच्छी शुरुआत जरूर है, लेकिन अभी कई बातें साफ नहीं हैं।
एक्सपर्ट्स मानते हैं कि अगर दो हफ्ते में पूरी तरह समझौता नहीं हुआ, तो कीमतें फिर से 100 डॉलर के ऊपर जा सकती हैं।





