
पद्म भूषण से सम्मानित डॉ. सुभाष सी. कश्यप (97) का गुरुवार को निधन हो गया। वे राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिष्ठित संवैधानिक विशेषज्ञ थे।उन्होंने 100 से अधिक पुस्तकें लिखीं। उनकी प्रसिद्ध कृतियों में ‘आवर पार्लियामेंट’ और ‘आवर कॉन्स्टिट्यूशन’ जैसी पुस्तकें शामिल हैं। वे 1953 में संसद सचिवालय से जुड़े और वर्ष 1983 से 1990 तक लोकसभा के महासचिव रहे।
उन्होंने जवाहरलाल नेहरू के प्रथम लोकसभा काल से लेकर नौवीं लोकसभा तक, 37 वर्षों से अधिक समय तक भारतीय संसद की सेवा की। वर्ष 1929 में संयुक्त प्रांत (वर्तमान उत्तर प्रदेश) के बिजनौर जिले के चांदपुर में स्वतंत्रता सेनानियों के परिवार में जन्मे डॉ. कश्यप ने किशोरावस्था में ही स्वतंत्रता आंदोलन में सक्रिय भागीदारी की। उन्होंने पहले बिजनौर और बाद में मेरठ में छात्र आंदोलनों का नेतृत्व किया।




