मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश के 30 जिलों में जारी किया येलो अलर्ट
सभी जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से अंधड़ चलने की संभावना है।

राष्ट्र आजकल प्रतिनिधि, भोपाल। दक्षिण-पश्चिम मानसून का इंतजार बढ़ता जा रहा है। मानसून की उत्तरी सीमा अभी भी हरनाई, सोलापुर, हैदराबाद, भद्राचलम में स्थिर है। प्रदेश के धुर दक्षिणी सीमा से इसकी सबसे नजदीकी दूरी 350 से 400 किमी दूर है। मौसम विज्ञानियों का अनुमान है कि अगले चार-पांच दिनों में मानसून आगे बढ़ सकता है। वह मध्य प्रदेश में कब तक पहुंचेगा यह आगे बढ़ने की उसकी गति पर निर्भर करेगा।
येलो अलर्ट वाले प्रमुख जिले
नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, रतलाम, मंदसौर, नीमच, शाजापुर, आगर-मालवा, राजगढ़, सीहोर, रायसेन, विदिशा, सागर, दमोह, नरसिंहपुर, जबलपुर, कटनी, उमरिया, शहडोल, डिंडोरी, मंडला, बालाघाट, सिवनी और छिंदवाड़ा। सभी जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से अंधड़ चलने की संभावना है।
कई इलाकों में गरज-चमक के साथ भारी बारिश हो सकती है, जबकि कुछ अन्य क्षेत्रों में आंशिक रूप से बादल छाए रहने और हल्की बौछारें पड़ने के आसार हैं।
पिछले 24 घंटों में गौहरगंज, बैरसिया, मुलताई, हरसूद, सिवनी, डिंडौरी, भैंसदेही, श्योपुर, बुरहानपुर, बैतूल और गुलाबगंज में भी मध्यम स्तर की वर्षा दर्ज हुई है। भोपाल में बुधवार दिन में 14 मिलीमीटर पानी बरसा। इंदौर में भी शाम साढ़े चार बजे के करीब बारिश हुई। इसकी वजह से इन क्षेत्रों के अधिकतम तापमान में दो से 10 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई। बैतूल में अधिकतम तापमान 26.5 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। यह एक दिन पहले के अधिकतम तापमान से 10 डिग्री सेल्सियस और सामान्य से 7.5 डिग्री सेल्सियस कम है। भोपाल का तापमान भी 34.8 डिग्री सेल्सियस रहा,





