MP में कक्षा 3 से 8 तक की परीक्षाएं 1 दिसंबर से, लर्निंग आउटकम्स पर बेस्ड होंगे पेपर

प्रदेश के सरकारी स्कूलों में इस बार तीसरी से आठवीं कक्षा की छमाही परीक्षा में विद्यार्थियों की केवल किताबी जानकारी नहीं, बल्कि उनकी समझ, विश्लेषण क्षमता और सीखी गई बातों को व्यवहार में लागू करने की दक्षता भी परखी जाएगी।
परीक्षा में लर्निंग आउटकम्स (सीखने के प्रतिफल) पर आधारित प्रश्न पूछे जाएंगे। इसके लिए बहुविकल्पीय, रिक्त स्थान की पूर्ति, अतिलघुउत्तरीय, लघुउत्तरीय और दीर्घउत्तरीय प्रश्नों का पैटर्न निर्धारित किया गया है।
परीक्षा का पैटर्न बदला
खास बात यह है कि पहली बार इस पैटर्न पर आधारित मॉडल प्रश्न बैंक भी तैयार किया जाएगा, जिसके माध्यम से शिक्षक विद्यार्थियों को परीक्षा की तैयारी कराएंगे। राज्य शिक्षा केंद्र ने सत्र 2026-27 में प्रतिभा पर्व और अर्द्धवार्षिक मूल्यांकन के आयोजन को लेकर सभी कलेक्टरों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
पहली और दूसरी कक्षा के विद्यार्थियों का अलग से मूल्यांकन नहीं होगा। इनका आकलन एफएलएन आधारित आवधिक मूल्यांकन के माध्यम से किया जाएगा।
प्रतिभा पर्व मूल्यांकन एक दिसंबर से शुरू होगा
सरकारी स्कूलों में तीसरी से आठवीं तक के विद्यार्थियों का प्रतिभा पर्व मूल्यांकन 1 दिसंबर से शुरू होगा। तीसरी से पांचवीं तक की परीक्षाएं 1 से 7 दिसंबर तक सुबह 10.30 से दोपहर 1 बजे तक आयोजित की जाएंगी। वहीं छठवीं से आठवीं तक का मूल्यांकन 1 से 8 दिसंबर तक दोपहर 1.30 से शाम चार बजे तक होगा। प्रश्नपत्र अक्टूबर तक पढ़ाए गए पाठ्यक्रम के आधार पर संबंधित जिलों की डाइट द्वारा तैयार किए जाएंगे।





